EPFO ने लिया ऐतिहासिक निर्णय
कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) ने अपने सदस्यों के लिए ‘जीवन को आसान बनाने’ (ease of living) की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया है। 13 अक्टूबर, 2025 को हुई सेंट्रल बोर्ड ऑफ ट्रस्टीज़ (CBT) की 238वीं बैठक में यह महत्वपूर्ण फैसला लिया गया। इस बैठक की अध्यक्षता केंद्रीय श्रम और रोज़गार मंत्री मनसुख मांडविया ने की।
100% निकासी की नई सुविधा
इस फैसले के अनुसार, EPFO सदस्य अब अपने PF खाते में ‘पात्र शेष’ (eligible balance) का 100% तक निकाल सकेंगे। इस ‘पात्र शेष’ में कर्मचारी और नियोक्ता (employee and employer share) दोनों का योगदान शामिल होगा। यह एक बड़ी राहत है, क्योंकि पहले पूरी निकासी केवल बेरोज़गारी या सेवानिवृत्ति पर ही संभव थी।
आंशिक निकासी के नियम हुए सरल
CBT ने आंशिक निकासी (partial withdrawal) के 13 जटिल नियमों को समाप्त करके उन्हें एक एकल, सुव्यवस्थित नियम में मिला दिया है। अब आंशिक निकासी को केवल तीन श्रेणियों में विभाजित किया गया है:
- आवश्यक ज़रूरतें (Essential Needs): जैसे बीमारी, शिक्षा और विवाह।
- आवास ज़रूरतें (Housing Needs): जैसे ज़मीन खरीदना, घर बनाना या EMI चुकाना।
- विशेष परिस्थितियाँ (Special Circumstances):
- पहले इस श्रेणी में प्राकृतिक आपदा, तालांबदी, या महामारी जैसे कारणों को स्पष्ट करना पड़ता था।
- अब सदस्य बिना कोई कारण बताए भी इस श्रेणी के तहत आवेदन कर सकते हैं।
निकासी की सीमाएं और शर्तें बदलीं
सेवा की अवधि कम हुई: सभी प्रकार की आंशिक निकासी के लिए न्यूनतम सेवा की अनिवार्यता को घटाकर केवल 12 महीने कर दिया गया है।
- निकासी सीमा बढ़ी: शिक्षा के लिए निकासी की सीमा को 10 गुना और विवाह के लिए 5 गुना तक उदार किया गया है (पहले शिक्षा और विवाह के लिए कुल 3 आंशिक निकासी की अनुमति थी)।
रिटायरमेंट कॉर्पस सुरक्षित (25% न्यूनतम शेष)
निकासी को आसान बनाने के साथ-साथ, EPFO ने यह सुनिश्चित किया है कि सदस्यों का रिटायरमेंट के लिए फंड सुरक्षित रहे। इसके लिए एक शर्त जोड़ी गई है:
- सदस्यों को अपने खाते में 25% योगदान को ‘न्यूनतम शेष’ (Minimum Balance) के रूप में हर समय बनाए रखना होगा।
- श्रम मंत्रालय के अनुसार, यह नियम सदस्यों को EPFO की उच्च ब्याज दर (वर्तमान में 8.25% प्रति वर्ष) का लाभ लेने में मदद करेगा, जिससे उनका रिटायरमेंट कॉर्पस बढ़ेगा।
100% ऑटो-सेटलमेंट
निकासी प्रक्रिया को और भी लचीला बनाने के लिए, अब आंशिक निकासी के दावों का 100% ऑटो-सेटलमेंट होगा, जिसके लिए किसी दस्तावेज़ की ज़रूरत नहीं होगी। यह दावों के निपटारे को तेज़ और आसान बना देगा।
निष्कर्ष
ये बदलाव EPFO सदस्यों को उनकी तत्काल वित्तीय ज़रूरतों को पूरा करने में मदद करेंगे, साथ ही यह सुनिश्चित करेंगे कि उनका पर्याप्त सेवानिवृत्ति कोष और पेंशन अधिकार भी सुरक्षित बना रहे। यह सुविधा ‘पात्र शेष’ की 100% निकासी की अनुमति देकर EPFO को पहले से कहीं अधिक सदस्य-केंद्रित बनाती है।


